रायपुर – स्कूल शिक्षा विभाग की विभागीय गतिविधियों एवं उपलब्धियों को लेकर आज छत्तीसगढ़ संवाद के ऑडिटोरियम में महत्वपूर्ण प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित की गई। स्कूल शिक्षा विभाग के मंत्री गजेंद्र यादव एवं विभाग के सचिव डॉ. कमलप्रीत सिंह ने संयुक्त रूप से मीडिया को विभाग की कार्यप्रणाली, उपलब्धियों और शिक्षा व्यवस्था को और बेहतर बनाने के लिए किए जा रहे प्रयासों की जानकारी दी।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में स्कूल शिक्षा विभाग की वर्तमान उपलब्धियों के साथ-साथ विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने, विद्यालयीन व्यवस्थाओं को सुदृढ़ करने तथा शिक्षकों एवं विद्यार्थियों के लिए बेहतर शैक्षणिक वातावरण तैयार करने की दिशा में किए जा रहे प्रयासों पर विस्तार से चर्चा की गई।
मंत्री गजेंद्र यादव ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता प्रदेश के हर बच्चे तक बेहतर और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा की पहुंच सुनिश्चित करना है। ग्रामीण एवं दूरस्थ क्षेत्रों के विद्यार्थियों को भी शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ते हुए उन्हें आधुनिक संसाधन और बेहतर शैक्षणिक अवसर उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।
सचिव डॉ. कमलप्रीत सिंह ने विभागीय योजनाओं और उनके क्रियान्वयन से जुड़े विभिन्न पहलुओं की जानकारी साझा करते हुए कहा कि स्कूल शिक्षा व्यवस्था को अधिक प्रभावी, जवाबदेह और परिणाममुखी बनाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। विद्यालयों में उपलब्ध संसाधनों का बेहतर उपयोग, शैक्षणिक गुणवत्ता में सुधार और विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास को विभाग की प्राथमिकताओं में शामिल किया गया है।
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान मीडिया प्रतिनिधियों ने स्कूल शिक्षा विभाग से जुड़े विभिन्न विषयों पर सवाल किए, जिनका मंत्री एवं सचिव ने विस्तारपूर्वक जवाब दिया। इस दौरान शिक्षा व्यवस्था में सुधार के लिए सरकार की आगामी रणनीति और विभागीय स्तर पर किए जा रहे प्रयासों को भी सामने रखा गया।
सरकार का उद्देश्य केवल विद्यार्थियों को शिक्षा उपलब्ध कराना ही नहीं, बल्कि उन्हें बदलते समय की आवश्यकताओं के अनुरूप तैयार करना है। इसी दिशा में स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, बेहतर अधोसंरचना, तकनीकी संसाधनों के उपयोग और विद्यार्थियों के समग्र विकास पर लगातार फोकस किया जा रहा है।
प्रेस कॉन्फ्रेंस के माध्यम से स्कूल शिक्षा विभाग ने प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था को और मजबूत बनाने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। मंत्री एवं सचिव ने कहा कि सरकार, शिक्षक, विद्यार्थी और अभिभावकों के सामूहिक प्रयासों से छत्तीसगढ़ की स्कूल शिक्षा व्यवस्था को नई दिशा और नई गति देने का प्रयास जारी रहेगा।
