रायपुर – राजधानी के सेक्टर-18 स्थित निर्माणाधीन लोकभवन परिसर में वरिष्ठ अधिकारियों के आवासों में कराए गए एचवीएसी यानी हीटिंग, वेंटिलेशन और एयर कंडीशनिंग कार्य को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि कई स्थानों पर काम निर्धारित मापदंडों के मुताबिक पूरा नहीं हुआ, इसके बावजूद संबंधित कंपनी को भुगतान की प्रक्रिया पूरी कर दी गई।
मामला सामने आने के बाद लोक निर्माण विभाग में हलचल मच गई है। शिकायतकर्ता ने पूरे प्रकरण की तकनीकी और वित्तीय जांच कराने की मांग की थी। इसके बाद लोक निर्माण विभाग के प्रमुख अभियंता कार्यालय ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच के निर्देश दिए हैं।
अधूरे काम का भुगतान कैसे हुआ?
शिकायत का सबसे बड़ा सवाल यही है कि यदि काम वास्तव में अधूरा था तो फिर भुगतान किस आधार पर किया गया? शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि विभागीय अधिकारियों की मिलीभगत से भंडार क्रय नियमों की अनदेखी की गई और सरकारी राशि के दुरुपयोग की आशंका पैदा हुई।
जांच अधिकारी को पूरे मामले की पड़ताल कर 15 दिन के भीतर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं। अब जांच में यह सामने आएगा कि एचवीएसी का काम कितना पूरा हुआ, मौके पर वास्तव में क्या-क्या काम कराया गया और भुगतान किन दस्तावेजों एवं मापदंडों के आधार पर किया गया।
‘साहबों’ के आवास और सरकारी भुगतान पर नजर
शिकायत में खास तौर पर लोकभवन के वरिष्ठ अधिकारियों के आवासों का उल्लेख किया गया है। आरोप है कि निर्धारित मापदंडों के अनुसार काम पूरा नहीं होने के बावजूद भुगतान की प्रक्रिया आगे बढ़ाई गई। यही वजह है कि मामला अब केवल निर्माण कार्य की गुणवत्ता तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि अनुबंध की शर्तों, माप एवं प्रमाणन, बिलों और अधिकारियों की भूमिका तक जांच पहुंच सकती है।
जांच के बाद खुलेगा असली राज
अब निगाहें जांच रिपोर्ट पर टिकी हैं। जांच में यह स्पष्ट होना है कि काम कितना हुआ, भुगतान कितना किया गया, कार्य की गुणवत्ता और मापदंड क्या रहे तथा निरीक्षण और प्रमाणन की प्रक्रिया में किस-किस अधिकारी की भूमिका रही।
अगर शिकायत में लगाए गए आरोप जांच में सही पाए जाते हैं, तो मामला सरकारी राशि के भुगतान से लेकर जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही और कार्रवाई तक पहुंच सकता है।
फिलहाल बड़ा सवाल यही है—जब काम पूरा नहीं हुआ था, तो भुगतान की फाइल इतनी तेजी से कैसे दौड़ गई? जांच रिपोर्ट इस सवाल का जवाब देगी।
