छत्तीसगढ़ – मुंगेली जिले में मुख्यमंत्री हेल्पलाइन पर दर्ज एक शिकायत ने बड़ा असर दिखाया है। ग्राम पंचायत सिलदहा में सीसी रोड निर्माण और जल निकासी व्यवस्था में गंभीर लापरवाही सामने आने के बाद कलेक्टर कुंदन कुमार के निर्देश पर पंचायत सचिव भूपत राजपूत को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। इस कार्रवाई से स्पष्ट संदेश गया है कि विकास कार्यों में लापरवाही अब किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
मामला पथरिया विकासखंड के ग्राम सिलदहा का है, जहां ग्रामीण मनोज वर्मा और अजय राजपूत ने मुख्यमंत्री हेल्पलाइन में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया था कि स्वीकृति मिलने के बावजूद गांव में सीसी रोड का निर्माण नहीं कराया गया। साथ ही जल निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने से बारिश के दौरान सड़कें जलमग्न हो जाती हैं, जिससे ग्रामीणों को रोजाना भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है।
शिकायत को गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर कुंदन कुमार ने जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी को तत्काल जांच के निर्देश दिए। जांच में शिकायत पूरी तरह सही पाई गई। यह भी सामने आया कि स्वीकृत कार्य समय पर नहीं कराया गया और पंचायत सचिव द्वारा उच्च अधिकारियों के निर्देशों की लगातार अनदेखी की जा रही थी।
जांच रिपोर्ट के आधार पर जिला पंचायत के नवपदस्थ मुख्य कार्यपालन अधिकारी गोकुल रावटे ने छत्तीसगढ़ पंचायत सेवा (अनुशासन एवं अपील) नियम, 1999 के तहत कार्रवाई करते हुए पंचायत सचिव भूपत राजपूत को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। निलंबन अवधि के दौरान उनका मुख्यालय जनपद पंचायत पथरिया निर्धारित किया गया है तथा उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता मिलेगा।
प्रशासन ने गांव के कार्य प्रभावित न हों, इसके लिए ग्राम पंचायत बेलखुरी के पंचायत सचिव खांडेराम जांगड़े को ग्राम पंचायत सिलदहा का अतिरिक्त प्रभार सौंप दिया है।
इस कार्रवाई ने यह साबित कर दिया है कि मुख्यमंत्री हेल्पलाइन पर दर्ज शिकायतों को गंभीरता से लिया जा रहा है और विकास कार्यों में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों-कर्मचारियों पर अब सीधे कार्रवाई की जा रही है। ग्रामीणों ने प्रशासन की इस त्वरित कार्रवाई का स्वागत करते हुए उम्मीद जताई है कि अब गांव में जल्द ही सीसी रोड और जल निकासी की समस्या का स्थायी समाधान होगा।
